भारत में कोरोना वायरस की दूसरी लहर (Coronavirus Second Wave) का प्रकोप धीरे-धीरे कम होता दिखा रहा है, लेकिन आजकल एक नए वैरिएंट को खूब चर्चा हो रही है। कहा जा रहा है कि कोविड-19 का नया वैरिएंट डेल्टा प्लस (Covid-19 Delta Plus Variant) अन्य वैरिएंट के अपेक्षा अधिक घातक और तेजी से फैलना वाला है। 

गौरतलब है कि देश भर के 8 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में कोरोना के डेल्टा प्लस वैरिएंट (Delta Plus Variant) के करीब 40 मामले सामने आ चुके हैं।

Delta variant brings new pandemic threat to Germany | Germany| News and  in-depth reporting from Berlin and beyond | DW | 17.06.2021
कोरोना वैरिएंट के प्रतीक (फोटो साभार: डीडब्ल्यू.कॉम)

डेल्टा प्लस वैरिएंट के सबसे ज्यादा मामले महाराष्ट्र में दर्ज किए गए हैं और अब तक 21 लोग संक्रमित हो चुके हैं। इसके अलावा मध्य प्रदेश में 6, केरल और तमिलनाडु में 3-3, कर्नाटक में 2 और पंजाब, आंध्र प्रदेश और जम्मू में 1-1 मामले सामने आए हैं।

रिपोर्ट के अनुसार, मध्य प्रदेश के उज्जैन जिले में कोरोना वायरस के डेल्टा प्लस वैरिएंट (Delta Plus Variant in Ujjain) से दो लोगों के संक्रमित होने की पुष्टि हुई है, जिनमें से एक महिला की 23 मई को मौत हो चुकी है।

बताया जा रहा है कि महिला ने अब तक वैक्सीन नहीं लगवाया था, जबकि एक अन्य महिला डेल्टा प्लस वैरिएंट से संक्रमित होने के बावजूद अब ठीक हो गई है और पूरी तरह स्वस्थ है।

कोरोना वायरस के डेल्टा प्लस वैरिएंट (Coronavirus Delta Plus Variant) ने चिंता बढ़ा दी है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने बुधवार को बताया कि इसे ‘चिंताजनक स्वरूप’ (वीओसी) के रूप में वर्गीकृत किया है।

मंत्रालय ने बताया कि डेल्टा के अलावा डेल्टा प्लस समेत डेल्टा के सभी अन्य वैरिएंट को भी वीओसी की श्रेणी में रखा गया है। इसके साथ ही महाराष्ट्र, केरल और मध्य प्रदेश को सतर्कता बढ़ाने और जन स्वास्थ्य संबंधी उचित कदम उठाने की सलाह दी गई है।

वर्ल्डोमीटर के आंकड़ों के अनुसार, भारत में कोरोना वायरस (Coronavirus in India) से अब तक 3 करोड़ 82 हजार 169 लोग संक्रमित हो चुके हैं, जिनमें से 3 लाख 92 हजार 14 लोग इस महामारी की वजह से अपनी जान गंवा चुके हैं, जबकि 2 करोड़ 90 लाख 56 हजार 609 लोग ठीक भी हुए हैं। देश में कोविड-19 के 6 लाख 33 हजार 546 एक्टिव केस मौजूद हैं.