जम्मू-कश्मीर पुलिस ने त्राल और पंपोर इलाके से जैश-ए-मुहम्मद से जुड़े दो आतंकियों को गिरफ्तार किया है। इन दोनों पर आतंकियों के लिए खाना और आवास मुहैया कराने के साथ-साथ अन्य मदद देने का आरोप है। सूत्रों का कहना है कि ये लोग आतंकियों के रहने-खाने के अलावा हथियारों की ट्रांसपोर्टिंग भी करते थे और उन तक खुफिया एवं संवेदनशील जानकारियाँ भी पहुंचाते थे। गिरफ्तार किए गए आतंकियों के नाम बिलाल अहमद चोपन और मुर्शलीन बशीर शेख है। 


 

बिलाल अहमद चोपन त्राल के वगाद इलाके का रहने वाला है, जबकि मुर्शलीन बशीर शेख पंपोर के चटलाम इलाके का रहने वाला है। इन दोनों के पास से ऐसे कई सामान मिले हैं, जो आतंकियों के साथ उनकी साठगांठ को बताता है। पुलिस के मुताबिक, दोनों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है।

इन दिनों जम्मू-कश्मीर में सरकार बेहद चौकन्नी होकर काम कर रही है। जम्मू और कश्मीर से 5 अगस्त 2019 को अनुच्छेद 370 के हटाए जाने के बाद से पाकिस्तान बौखलाया हुआ है और लगातार आतंकी गतिविधियों को अंजाम देने की कोशिश कर रहा है। पाकिस्तान आतंकवादियों के जरिए नेताओं और नागरिकों को अपना टारगेट बना रहा है।

जम्मू के नगरोटा में गुरुवार को हुए एनकाउंटर को लेकर अहम खुलासा हुआ है। मुठभेड़ में ढेर हुए आतंकियों के पास से जो चीजें बरामद हुई हैं, उसने पाकिस्तान की पोल खोल दी है। यही नहीं, आतंकी पाकिस्तान में बैठे अपने आकाओं से लगातार संपर्क में भी थे। आतंकियों के पास से पाकिस्तान की एक कंपनी का डिजिटल मोबाइल रेडियो (DMR) भी बरामद हुआ है। 

पाकिस्तान में बैठे आकाओं से आतंकियों की क्या बात हो रही थी, ये उस मोबाइल के मैसेज में मिला।  DMR पर आतंकियों को मैसेज किया गया कि कहां पहुंचे, क्या माहौल है, कोई मुश्किल तो नहीं है। एजेंसी को शक है कि ये मैसेज पाकिस्तान के शकरदढ़ से भेजा गया।  

सूत्रों का कहना है कि आतंकी गुरुवार-शुक्रवार को अमावस्या की रात सांबा सेक्टर के पास नाले को पार करके दाखिल हुए और अंधेरे का फायदा उठाते हुए सीमा को पार किया।