चंडिका हथुरूसिंघा (Chandika Hatrusingha) को हाल ही में श्रीलंका (Sri Lanka) के मुख्य कोच पद से हटा दिया गया था. हालांकि  जिस समय उन्हें हटाया गया उस समय श्रीलंका क्रिकेट बोर्ड (Sri Lanka Cricket Board) के साथ उनका करार खत्म नहीं हुआ था. बोर्ड ने करार के समय के बीच में ही उन्हें हटा दिया गया था. दोनों कॉन्ट्रैक्ट के खत्म करने के लिए एक हल पर नहीं पहुंच पाए जिसके बाद अब चंडिका ने बड़ा कदम उठाया है.

बर्खास्त कोच चंडिका हथुरूसिंघा ने अपना अनुबंध पहले समाप्त करने के लिये श्रीलंका क्रिकेट से 50 लाख डॉलर के मुआवजे की मांग की है. बोर्ड के एक अधिकारी ने रविवार को इसकी जानकारी दी. पूर्व श्रीलंकाई टेस्ट स्टार और कोच ने यह दावा तब किया जब दोनों पक्ष पिछली गर्मियों में उनके बर्खास्तगी पर सहमति बनाने में असफल रहे. बोर्ड के सचिव मोहन डि सिल्वा ने एएफपी से कहा, ‘उन्होंने 50 लाख डॉलर की मांग करते हुए एक पत्र भेजा है.’

संडे आईलैंड अखबार ने कहा कि हथुरूसिंघा ने अपने अनुबंध के बचे 18 महीनों के लिये पूरे वेतन की मांग की जो 10 लाख डालर से ऊपर है. उन्होंने यह भी दावा किया कि अंतरराष्ट्रीय कोच के तौर पर उनकी साख को नुकसान पहुंचा है जिसके लिये उन्होंने हर्जाने की मांग की है. उनका दावा है कि यह सब मिलाकर 50 लाख डॉलर के करीब है.



वर्ल्ड कप में श्रीलंका की टीम छठे स्थान पर रही थी जिसके बाद चंद्रिका को उसके बाद पद से हटा दिया गया था. चंद्रिका के बाद श्रीलंका ने पाकिस्तान के पूर्व कोच मिकी आर्थर को मुख्य कोच बनाया था. आर्थर इससे पहले दक्षिण अफ्रीका, ऑस्ट्रेलिया और पाकिस्तान के कोच रह चुके हैं. जिम्बाब्वे के पूर्व टेस्ट क्रिकेटर ग्रांट फ्लावर को नया राष्ट्रीय बल्लेबाजी कोच, ऑस्ट्रेलिया के डेविड सेकर को गेंदबाजी कोच और शेन मैकडरमॉट को क्षेत्ररक्षण कोच बनाया गया है.