लखीमपुर हिंसा: 12 घंटे की पूछताछ के बाद मंत्री अजय मिश्रा का बेटा गिरफ्तार, किसानों को कुचलकर मारने का आरोप
लखीमपुर खीरी हिंसा के मुख्य आरोपी और केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्रा टेनी का बेटा आशीष मिश्रा को लगभग 12 घंटे की पूछताछ के बाद गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। इस मामले में 11 अक्टूबर को अदालत में सुनवाई होगी। मिश्रा को हत्या, दुर्घटना में मौत, आपराधिक साजिश और लापरवाही से वाहन चलाने की धाराओं में गिरफ्तार किया गया है। पूछताछ के दौरान डीआईड उपेंद्र अग्रवाल और लखीमपुर के सदर एसडीएम भी मौजूद थे। एसडीएम के सामने ही उनके बयान को कलमबद्ध किया गया।
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| पूछताछ के दौरान सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मी (सौजन्य; दैनिक भास्कर) |
दैनिक भास्कर के अनुसार, लगभग 12 घंटे के दौरान 14 बार चाय और नाश्ता अंदर गया। क्राइम ब्रांच के दफ्तर में सदर एसडीएम के सामने बयान को दर्ज किया गया। इस दौरान आरोपी आशीष मिश्रा के साथ उनके वकील अवधेश सिंह, मंत्री अजय मिश्रा टेनी के प्रतिनिधि अरविंद सिंह संजय और भाजपा के सदर विधायक योगेश वर्मा मौजूद थे।
पूछताछ में आशीष मिश्रा की ओर से अपने बचाव में 10 एफिडेविट, एक पेन ड्राइव और दो मोबाइल पेश किए गए। बताया जा रहा है कि मिश्रा की ओर से 13 वीडियो एसआईटी को दिये गए, लेकिन एसआईटी इनसे संतुष्ट नहीं दिख रही है। इस वीडियो में उन 10 लोगों के बयान के थे, जो आशीष मिश्रा के काफिले के बजाय दंगल मैदान में होने की बात कह रहे थे।
इधर संयुक्त किसान मोर्चा अजय मिश्र को मंत्री पद से हटाने और आशीष मिश्रा को गिरफ्तार करने की मांग कर रहा है। उनकी मांग नहीं मानने पर देशव्यापी हड़ताल करने की चेतावनी दी है।
आशीष मिश्र से पूछताछ के बाद उनकी गिरफ्तारी तय मानी जा रही थी। स्थानीय लोगों का दावा है कि जिस थार जीप ने किसानों को कुचला था, उसके पीछे निकली फॉर्च्यूनर में आशीष मिश्र बैठे थे। माना जा रहा है कि यह सबूत सामने आने पर आशीष की मुश्किलें बढ़ सकती हैं।
इससे पहले लखीमपुर पुलिस ने मंत्री के घर पर दोबारा नोटिस चिपकाकर कर आशीष को शनिवार सुबह 11 बजे पूछताछ के लिए बुलाया था।