यूपी में धर्मांतरण मामले में 2018 में मुस्लिम धर्म अपनाने वाली 33 महिलाओं की लिस्ट सामने आई है। ये महिलाएँ उच्च शिक्षित हैं, जिन्हें धर्मांतरण गैंग ‘साइनिंग स्टार्स’ नाम दिया था। इस सूची कानपुर के घाटमपुर की ऐसी युवती का नाम भी है, जिसकी कहानी चौंकाने वाली है। मौलानाओं ने घाटमपुर की होनहार छात्रा को इतना ब्रेनवॉश कर दिया कि वह परिवार छोड़कर नोएडा रहने लगी।

घाटमपुर के बीहूपुर गांव की 26 वर्षीय ऋचा देवी एक प्रतिष्ठित कुर्मी परिवार से ताल्लुख रखती है। परिवार ने बड़ा अफसर बनाने की चाह में शहर के पीपीएन कॉलेज से स्नातक के बाद प्रयागराज के एक बड़े संस्थान से एमबीए की पढ़ाई कराई। फिर सिविल सर्विसेज की तैयारी कर रही थी।

लिस्ट में ऋचा देवी का नाम माहीन अली लिखा है।
लिस्ट में ऋचा देवी का नाम माहीन अली लिखा है। (फोटो साभार: दैनिक भास्कर)

परिजनों का आरोप है कि इस दौरान वह प्रयागराज स्थित इलाहाबाद सेंट्रल यूनिवर्सिटी के पॉलिटिकल साइंस डिपार्टमेंट के प्रोफेसर मोहम्मद शाहिद के संपर्क में आई। उस प्रोफेसर ने उसका ऐसा ब्रेनवॉश किया कि ऋचा धर्मांतरण करके माहीन अली बन गई। अब वह नोएडा शिफ्ट हो गई है। एक बड़ी कंपनी में जॉब कर रही है। हर महीने मिलने वाली सैलरी में से 75,000 रुपये वह मस्जिद में दान कर देती है। उसने परिवार से पूरी तरह से नाता तोड़ लिया जा। वह दो साल से वह घर नहीं आई है। परिजनों का कहना है कि अगर अब लौटकर आई भी तो स्वीकार नहीं करेंगे। इधर एटीएस शाहिद से पूछताछ करती, उससे पहले ही शाहिद घर पर ताला लगाकर परिवार सहित फरार हो गया है। शाहिद वही व्यक्ति है, जिसे जमातियों को शरण देने के आरोप में पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेजा था।

घाटमपुर की छात्रा के धर्मांतरण की बात सामने आने के बाद एटीएस, एलआईयू समेत कई जांच एजेंसियां छात्रा के घर जांच करने पहुंची। छात्रा के परिजनों ने बताया कि 2 साल से उनके संपर्क में नहीं है। छात्रा ने सभी के मोबाइल नंबरों को ब्लैक लिस्ट में डाल रखा है। सोशल मीडिया से परिवार और रिश्तेदारों को ब्लॉक कर दिया है। इसके चलते उसका हाल खबर भी परिजनों को नहीं मिल पाता है। उसका मोबाइल नंबर और नोएडा में कहां रहती है यह जानकारी परिजनों ने एटीएस से साझा की है।

धर्मांतरण करने वाली महिलाओं के नाम।
धर्मांतरण करने वाली महिलाओं के नाम। (साभार: दैनिक भास्कर)

ऋचा ने पहले मुस्लिम धर्म ग्रहण किया अब वह ट्रेनर बन गई है और खुद छात्राओं और महिलाओं को धर्मांतरण के लिए प्रेरित कर रही है। इस संबंध में भी जांच एजेंसियों को कई अहम साक्ष्य मिले हैं। पुलिस छात्रा ऋचा से माहीन अली बनी छात्रा का कच्चा चिट्ठा खंगालने में लगी है।

वहीं, उमर गौतम के एक वीडियो से पता चला था कि उसने किसी सुप्रिया नाम की छात्रा का भी धर्म परिवर्तन कराया है। धर्म परिवर्तन के बाद उसका नाम आयशा रखा गया है। आयशा ने कानपुर विवि या सीएसए से पढ़ाई की है। एटीएस को इसके बारे में पूरी जानकारी नहीं मिल सकी है। केवल नाम ही पता है। सूत्रों के मुताबिक एटीएस ने इन दोनों विवि से पिछले तीन चार वर्षों में पढ़ाई करने वाली सुप्रिया नाम की छात्राओं के नाम व पते समेत अन्य जानकारी मांगी है। उम्मीद है कि इससे वो आयशा तक पहुंच सकेगी।